जीवन के ये 4 प्रमुख बीमाएँ, जिसके बारे में सबको जानना बहुत जरुरी है, अभी देखिये

हमारा जीवन कब करवट लें लेता है किसी को पता नहीं चलता और इस आकस्मिक हुए बदलाव में डटे रहने के लिए इन्शुरन्स अर्थात बीमा कुछ हद तक आसान बनाने में मदद करता है। हम अपने जीवन को कभी भी उन आकस्मिक घटना से नहीं रोक सकते पर उस स्थिति में सुरक्षा के तौर पर हम इन्शुरन्स अर्थात बीमा कर सकते है यह बीमा आपके आपातकालीन समय में सहारा बनेगा।
4 Types of Insurance Everyone Needs to Know
मूल 4 तरह के होते है इन्शुरन्स/बीमा : हमारे जीवन और उससे जुड़े हुए कुछ बिशेष आकस्मिक घटनाओ को ध्यान में रखते हुए मूल रूप से 4 तहर के इन्शुरन्स मौजूद है। जे है 1. लाइफ इन्शुरन्स 2. हेल्थ इन्शुरन्स 3. लॉन्ग टर्म डिसेबिलिटी इन्शुरन्स 4. ऑटो इन्शुरन्स, ये सभी इन्शुरन्स मनुष्य के बर्तमान स्थिति को देखते हुए बनाये गए है। चलिए इन सभी इन्शुरन्स अर्थात बीमा के बारे में जान लेते है।

1. लाइफ इन्शुरन्स / जीवन बीमा : Life Insurance

जीवन बीमा का सबसे बड़ा फायदा उस समय होता है जब किसी का निधन हो जाता है जब वह उसके परिवार को पीछे छोड़ कर चले जाते है, ऐसी स्थिति में परिवार के खर्चे और उनकी जरुरत जो उस ब्यक्ति के ऊपर निर्भर था उसकी पूर्ति हेतु सहायता करता है। यह समय उस परिवार का सबसे कठिन समय होता है और उस समय उस ब्यक्ति के द्वारा किया गया जीवन बीमा काम आता है।

कभी भी जीवन बीमा के बारे में सोचते समय हमेशा आपकी वार्षिक कमाई के कई गुणा ज्यादा करके सोचना चाहिए। ऐसा इस लिए किये जाना चाहिए क्युकी इस बीमा राशि द्वारा आपके परिवार के सामान्य खर्च तो शामिल होगा ही साथ ही आपके पुराना लोन, ब्यक्तिगत उधार, क्रेडिट कार्ड, बच्चों की पढ़ाई जो की आगे तक होती रहे यहाँ तक की अपने अंतिम संस्कार के खर्चे भी। इन सबको ध्यान में रखते हुए जीवन बीमा का चयन करना आवश्यक होता है।

यहाँ जीवन बीमा सिर्फ आपके अनुपस्तिति में ही नहीं आपके उपस्थिति में आपको सहायता करती है, जीवन बीमा जा समय पूरा हो जाने पर एक बड़ा अमाउंट मीचूरटी के तौर पर आपको मिलता है। ऐसे बहुत सारे जीवन बीमा है जो मनी बैक के साथ आता है जो पालिसी के अनुसार उचित समय समय पर एक मोटा रकम आपको देता है और आखरी में मीचूरटी मनी एवं बोनस के साथ बड़ा रकम आपको दिया जाता है। बहुत सारे ऐसे जीवन बीमा है जो आपके वर्त्तमान में भी आपको पैसे देगा और आपके उपरांत आपके परिवार को भी पैसे देगा।

2. हेल्थ इन्शुरन्स / स्वास्थ बीमा : Health Insurance

भारत के नागरिकों के स्वस्थ को ध्यान में रखते हुए यह देखा गया है की हर 100 भारतीय में से 10 को कोई न कोई गंभीर बीमारी जरूर होती है और इसी तरह के बीमारियों के इलाज में उनकी आर्थिक स्थिति खराब हो जाती है। स्वास्थ बीमा इन्ही कारणों से फायदेमंद है जो की बड़ी या छोटी किसी भी प्रकार के बीमारी में होने वाले खर्चों को सम्हालने में आपकी मदद करता है। वर्तमान स्थिति को देखते हुए स्वास्थ बीमा सभी के उपयोगी साबित हो सकता है।

बीमारियों को ध्यान में देखते हुए स्वास्थ बीमा के कई प्रकार होते है जिनमें सबसे ज्यादा बीमा बुजुर्गों के लिए लिया जाता है, यह स्वास्थ बीमा बुजुर्गो के बढ़ते उम्र के साथ होने वाले बिमारियों को ध्यान में रखते हुए बनाये जाते है जो उनकी बिमारियों के इलाज का खर्चा बीमा राशि के द्वारा किया जाता है। इसके अलावा कैंसर जैसी गंभीर बिमारियों के लिए भी स्वास्थ बीमा जरुरी होता है क्यूंकि ऐसी बिमारियों का इलाज काफी खर्चीला होता है जिसके कारण अधिकतर लोग तो इस बीमारी का इलाज न करवाने के कारण ही मर जाते है। इसके साथ साथ एक नए बच्चे के जन्म से लेकर मृत्यु समय तक के लिए अलग अलग स्वास्थ बिमा मौजूद है।

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स्वास्थ बीमा लेते समय हमेशा इस बात का ख्याल रखना जरुरी होता है की जिस कंपनी का आप बीमा ले रहे है उनका क्लेम प्रोसेस कैसा है अर्थात जब आपको पैसे की जरुरत हो तब वह किस प्रकार आपको पैसे मुहैया कराती है। इसके लिए आप ऐसी कंपनियों का पिछले 5 वर्षों का क्लेम रिकॉर्ड ऑनलाइ चेक कर सकते है। वर्तमान भारत सरकार भी स्वास्थ बीमा का एहमियत समझते हुए नागरिकों को काफी काम पैसे में स्वास्थ बीमा दे रही है ताकि हर परिवार को स्वास्थ बीमा मिल सके जो इन्हे लेने में असमर्थ थे।

3. लॉन्ग टर्म डिसेबिलिटी इन्शुरन्स / दीर्घकालीन विकलांगता बीमा : Long-Term Disability Insurance

यह ऐसी बीमा है जो कभी भी कोई भी नहीं चाहेगा की उसको इस बीमा की जीवन में कभी भी जरुरत हो। पर जैसा की हम पहले भी आपको बता चुके है की जीवन का बदलाव कभी भी कोई भी बदल नहीं सकता। अगर ऐसा हो की कारणवस कोई विकलांगता का शिकार हो जाये जो की कुछ हप्ते, कुछ महीने, कुछ साल या फिर और लम्बे समय के लिए हो तो ऐसी स्थिति में यह बीमा काम आता है। ये बीमा हॉस्पिटल में भर्ती से लेकर चिकित्सा के बिल का भुगतान करता है और आपके दैनिक जीवन में होने वाले खर्चों से बचे रहते है।

तजा रिपोर्ट के अनुसार भारत में होने वाले दुर्घटनाओं के कारण मृत्यु के दर के साथ साथ विकलांगता का दर भी अधिक है। ऐसी स्थिति में देखा गया है की उनकी पारिवारिक स्थिति ख़राब चुकी है उनके इलाज में और साथ की कमाई बंद होने के कारण परिवार के खर्चों की पूर्ति भी नहीं हो पा रही। दीर्घकालीन विकलांगता बीमा बहुत हद तक आपको सहायता प्रदान करेगी। इस बीमा को लेते वक्त काफी ध्यान देना पड़ता है, इससे जुड़े सभी कागजाद अच्छे से पड़ लें और किस तरह और कितना क्लेम इस बीमा के अंदर है यह भी जानना जरुरी है। दीर्घकालीन विकलांगता बीमा की कंपनी का चयन करने से पहले उसकी जांच कर ले ऐसा आप ऑनलाइन भी कम्पेयर करके कर सकते है।

4. ऑटो इन्शुरन्स / वाहन बीमा : Auto Insurance

भारत में यह बीमा एक महत्वपूर्ण बीमा है, राष्ट्रीय आकड़ों के अनुसार भारत में वाहन दुर्घटनाओं की संख्या और दर काफी ज्यादा है। इस वाहन दुर्घटना में होने वाले नुकसान को गाड़ी के मालिक को अपने जेब से भरना होता है जो की काफी ज्यादा होता है इसके आलावा अगर दुर्घटना में किसी को गंभीर चोट आती है तो उसके इलाज का खर्च व मुकदमा तक का भी खतरा रहता है। इसके अलावा अगर आपकी गाड़ी चोरी हो जाती है या प्रकितिक आपदा जो की आज आप लोग देख सकते है, ऐसे में वाहन में होने वाले नुकसान और उसके खर्च जेब पर भारी पड़ता है।

ऐसे कई स्थिति से लड़ने के लिए वाहन बीमा सहायता करती है, यह बीमा न केवल दुर्घटना या अन्य किसी स्थिति में वाहन के खतिग्रस्त होने पर उसका खर्च बीमा कंपनी उठती है साथ की अगर किसी को गंभीर चोट आती है तो उसके इलाज के खर्चें व मुकदमा से बचाता है। वैसे भी भारत में वाहन बीमा करना अनिवार्य है अगर ऐसा नहीं किया गया तो काफी मोटा रकम जुर्माना लगाया जाता है। वाहन बीमा वाहन संमंधी अधिकतर खर्चो को कम करने में सहायक है। जैसा की हमने पहले भी कहा है जो भी वाहन बीमा लेना है उसके बारे में अच्छे से जान ले, कंपनी की तरफ से किस तरह क्लेम प्रोसेस होगा और कितना प्रतिशत क्लेम होगा और जो बीमा आप ले रहे है वह किस तरह का बीमा है जीरो डेप्रिसिएशन इन्शुरन्स है या नर्मल इन्शुरन्स यह सब जान लेना बहुत जरुरी होता है।

यहाँ हमने आपको 4 मुख्य इन्शुरन्स / बीमा के बारे में बताया है जो की जीवन के हर मोड़ पर किसी न किसी तरह काम आता है। लेकिन कभी भी कोई भी बीमा लेने से पूर्व बीमा से जुड़े सभी दस्तावेज अच्छे से पड़े, कई बार ऐसा होता है की बीमा एजेंट अपनी सेल्स बढ़ाने के चक्कर में बड़ी बड़ी बात करके आपको लुभाते है और आप उनकी बात पर भरोसा कर बीमा ले लेते है लेकिन जब आप क्लेम करने जाते है तो आपको कुछ और ही मिलता है। ऐसे में आप सिर्फ और सिर्फ बीमा के अंतर्गत लिखे हुए बातो पर ही भरोसा करें और किसी पर नहीं।

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